राजस्थान में हर परिवार के लिए 5 लाख रुपये का हेल्थ इंश्योरेंस

 

रजिस्ट्रेशन 10 अप्रेल तक 

सबसे बड़ी स्वास्थ्य सुविधा योजनाओं में से एक

जयपुर :-राजस्थान में मुख्यमंत्री चिरंजीवी स्वास्थ्य बीमा योजना के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू हो गया है. मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने इसे सबसे बड़ी स्वास्थ्य सुविधा योजनाओं में से एक बताते हुए कहा कि राजस्थान ऐसी योजना लाने वाला देश का पहला राज्य है.राजस्थान सरकार ने इस साल के बजट में मुख्यमंत्री चिरंजीवी स्वास्थ्य बीमा योजना की घोषणा की थी. 

अशोक गहलोत ने ट्वीट कर कहा, ‘राजस्थान सरकार की राज्य में सभी लोगों को कैशलैस उपचार उपलब्ध          (Cashless Mediclaim Scheme) करवाने की मुख्यमंत्री चिरंजीवी स्वास्थ्य बीमा योजना (Chiranjeevi Health Insurance Scheme) के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू हो गया हैं. गहलोत ने कहा की यह हमारी सबसे बड़ी हेल्थकेयर योजनाओं में से एक है, जिसका उद्देश्य राजस्थान के सभी निवासियों को चिकित्सा राहत उपलब्ध करवाना है. 

मुख्यमंत्री ने कहा कि राजस्थान देश का पहला राज्य बन गया है जहां हर परिवार को सालाना पांच लाख रुपये तक का स्वास्थ्य बीमा मिलेगा. लोग रजिस्ट्रेशन करवाएं और उपचार के लिए कैशलैस सुविधा का लाभ उठाएं.10 अप्रैल तक रजिस्ट्रेशन होगा. 

राजस्थान के चिकित्सा और स्वास्थ्य मंत्री डॉ. रघु शर्मा ने कहा कि इस योजना में रजिस्ट्रेशन के लिए कैम्प लगाए जाएंगे. 10 अप्रैल तक ग्राम पंचायत स्तर पर और शहरी क्षेत्र में वार्ड स्तर पर रजिस्ट्रेशन कैम्प लगाये जाएंगे. इसके बाद भी रजिस्ट्रेशन का काम 30 अप्रैल तक जारी रहेगा.राज्य के लोग खुद भी ऑनलाइन या फिर ई-मित्र के माध्यम से अपना रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं.

मुख्यमंत्री चिरंजीवी स्वास्थ्य बीमा योजना के तहत राज्य के हर परिवार को हर साल 5 लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज सरकारी और प्राइवेट अस्पतालों में दिया जायेगा. इस स्वास्थ्य बीमा कवर में विभिन्न बीमारियों के इलाज के 1576 पैकेज और प्रोसिजर शामिल किये गये हैं. मरीज के अस्पताल में भर्ती होने से पांच दिन पहले का ओपीडी, जांच, दवाइयां और छुट्टी के बाद के 15 दिनों का संबंधित पैकेज से जुड़ा इलाज के खर्चे भी मुफ्त उपचार में शामिल होगा.

पहले की स्वास्थ्य बीमा योजना में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम और सामाजिक आर्थिक जनगणना के पात्र लोगों को योजना का लाभ मिल रहा था. अब मुख्यमंत्री की बजट घोषणा के मुताबिक, राज्य के संविदाकर्मियों, छोटे और सीमांत किसानों को मुफ्त चिकित्सा सुविधा का लाभ मिल पायेगा. साथ ही प्रदेश के सभी अन्य परिवारों को बीमा प्रीमियम की 50 प्रतिशत राशि यानी 850 रुपये पर सालाना 5 लाख रुपये तक की मुफ्त चिकित्सा सुविधा मिलेगी.

डॉ. शर्मा ने कहा कि योजना में पंजीयन कराने के लिये आमजन को जनआधार कार्ड अथवा जनआधार कार्ड नम्बर के साथ अपना आधार कार्ड नम्बर लेकर आनाअनिवार्य है। पात्र परिवारों का योजना के सॉफ्टवेयर पर पंजीयन उपरांत संलग्न प्रारूप में ’पॉलिसी दस्तावेज’ डाउनलोड कर प्राप्त किया जा सकता है.इसमें लाभार्थी परिवार के जनआधार एवं पॉलिसी संबन्धित विवरण दर्ज होगा.ऎसे परिवार जिनका जनआधार/भामाशाह पंजीयन नहीं किया गया है उन्हें पहले जनआधार कार्ड हेतु पंजीयन करवाना आवश्यक होगा तथा जनआधार आईडी जनरेट होने के बाद ही योजना अन्र्तगत पंजीयन किया जा सकेगा. 

जिन जिलों में आदर्श आचार संहिता लगी हुई है वहां अगले आदेशो तक पंजीयन शिविर नही लगेंगे. 

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