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विंध्य क्षेत्र में रेल कनेक्टिविटी के नये युग कि शुरुआत रेलखंडों का हुआ ऐतिहासिक उद्घाटन

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केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव एवं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया 118 किमी लंबी नई रेल लाइनों का उद्घाटन आजादी के बाद पहली बार रेल नेटवर्क से जुड़ा सीधी जिला; नागौद एवं चुरहट से स्पेशल ट्रेनों को दिखाई हरी झंडी सतना सांसद गणेश सिंह ने ऐतिहासिक उपलब्धि पर जताया आभार, भविष्य की रेल योजनाओं को किया रेखांकित सतना। मध्य प्रदेश के विंध्य क्षेत्र के सर्वांगीण विकास को नई गति देते हुए केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव एवं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सतना–देवेंद्रनगर (53 किमी, लागत ₹873 करोड़) तथा रीवा–चुरहट (65 किमी, लागत ₹1,070 करोड़) रेलखंडों का वर्चुअल उद्घाटन किया। इस अवसर पर स्वतंत्रता के बाद पहली बार सीधी जिला (चुरहट) सीधे भारतीय रेल नेटवर्क से जुड़ गया। कार्यक्रम के अंतर्गत नागौद रेलवे स्टेशन से गाड़ी संख्या 06131 (नागौद–देवेंद्रनगर) और चुरहट स्टेशन से गाड़ी संख्या 06134 (चुरहट–रीवा) स्पेशल ट्रेनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। आगामी 26 अक्टूबर से देवेंद्रनगर–चुरहट–देवेंद्रनगर मेमू ट्रेन (61629/61630) का नियमित परिचालन (सप्ताह में 6 दिन) शुरू होगा। रेल मंत्री ने कहा ...

भारतीय रेल की वैकल्पिक यात्रा बीमा योजना का लाभ

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27 अक्टूबर, 2026 से सुविधा लागू; डिजिटल भुगतान और मोबाइल नंबर अनिवार्य मुंबई :- भारतीय रेल अपनी मौजूदा वैकल्पिक यात्रा बीमा योजना ( ओटीआईएस ) का विस्तार करते हुए 27 अक्टूबर, 2026 से अपने पूरे नेटवर्क में यात्री आरक्षण प्रणाली ( पीआरएस ) काउंटरों पर आरक्षित टिकट बुक कराने वाले यात्रियों को भी यह सुविधा प्रदान करेगी। आईआरसीटीसी के माध्यम से ई-टिकट बुक कराने वाले यात्रियों के लिए उपलब्ध यह योजना अब रेलवे आरक्षण काउंटरों से आरक्षित टिकट खरीदने वाले पात्र यात्रियों के लिए भी उपलब्ध होगी। पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी विनीत अभिषेक द्वारा जारी एक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, बीमा सुविधा पूरी तरह वैकल्पिक होगी। यह सुविधा केवल उन्हीं यात्रियों को प्रदान की जाएगी जो बीमा का विकल्प चुनेंगे, मोबाइल नंबर देंगे और डिजिटल माध्यम से भुगतान करेंगे। लागू बीमा प्रीमियम टिकट किराये के साथ लिया जाएगा तथा किराये और प्रीमियम, दोनों का भुगतान केवल डिजिटल माध्यम से करना होगा। लागू नियमों एवं शर्तों के अनुसार, प्रीमियम सभी करों सहित प्रति यात्री 45 पैसे है। यह योजना केवल भारतीय नागरिकों के लिए उपलब्ध...

तपागच्छ के हाजरा हजूर जागृत वीर हैं माणिभद्र दादा :- मुनि विश्वोदयकीर्ति सागर

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नाडोल में ऐतिहासिक उल्लासः तपागच्छ रक्षक श्री माणिभद्रवीर का महापूजन एवं हवन संपन्न नाडोल : - जैन संघ नाडोल के तत्वावधान में तपागच्छ रक्षक श्री माणिभद्रवीर दादा का महापूजन एवं भव्य हवन अत्यंत हर्षोल्लास और धूमधाम के साथ संपन्न हुआ। इस विशिष्ट अनुष्ठान में देश भर से आए सैकड़ों गुरुभक्तों और श्रावक-श्राविकाओं ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराकर धर्म लाभ लिया।इस अवसर पर मुनिराज ने श्री मणिभद्र वीर के बारे मे विस्तार से बताया। यह ऐतिहासिक आयोजन परम पूज्य योगनिष्ठ आचार्य श्री बुद्धिसागर सूरीश्वरजी महाराजा के समुदायवर्ती, तपागच्छाधिपति 99 वर्षीय सागर गच्छ गौरव, आचार्य श्रीमद् मनोहरकीर्ति सागर सूरीश्वरजी महाराजा के शुभ आशीर्वाद तथा  प्रभावक प्रवचनकार आचार्य श्री उदयकीर्तिसागर सूरीश्वरजी म.सा. के सुशिष्य, प्रवचन प्रभावक एवं श्री माणिभद्रवीर दादा के अजोड़ साधक मुनिवर्य श्री विश्वोदयकीर्ति सागरजी म.सा.(V.K.Guruji) आदि की पावन निश्रा में संपन्न हुआ। साथ ही, आगमोद्धारक आचार्य श्री सागरानंद सुरीश्वरजी महाराजा के समुदायवर्ती साध्वीजी श्री दिव्यधर्मा श्रीजी म.सा. आदि ठाणा-४ ने भी निश्रा प्रदान की। श्र...

राम के सद्गुणों को आत्म सात करें :- कमलमुनि

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स्थानकवासी जैन संघ का कार्यक्रम मैसूर :- स्थानकवासी जैन संघ हल्लद केरी के तत्वाधान में जैन स्थानक भवन पर विजयदशमी पर संबोधित करते हुए कमल मुनि कमलेश ने कहा अपनी आत्मा में राम के सद्गुणों को आत्म सात करने के बाद  रावण  के बारे में सोचें इससे बढ़कर दुर्भाग्य और क्या हो सकता है।  क्रोध अहंकार व्यसन भ्रष्टाचार आतंकवादी हिंसा अनीति जैसी बुरेकामों से स्वयं रावण बना हुआ रावण को  मारने के लिए जा रहा है अच्छाई का प्रतीक राम है और बुराई का प्रतीक रावण है। पहले तो एक ही रावण था फिर भी उसने नीति का पालन किया और सीता को बिना पूछे उसको हाथ नहीं लगाया। उन्होंने कहा कि  आज तो गली गली और घर-घर में रावण ही रावण नजर आ रहे हैं। राम के दर्शन दुर्लभ हो रहे हैं सात्विक नम्र सरल और विनय मर्यादा सादगी और सहनशीलता आदि अच्छाइयों का आदर्श प्रस्तुत करते हुए पिता की आज्ञा का पालन कर 14 साल वनवास के लिए सहर्ष प्रस्थान   किया। उनको किसी धर्म और जाति के संकीर्ण नजरिया नजरे से देखना सभी महापुरुषों का अपमान करने के समान है वह संपूर्ण मानवता की अनमोल धरोहर है। प्राणी मात्र के कल्याण की...

जनहित में फिरोजपुर जनता एक्सप्रेस के पुनः संचालन पर विचार करने का सुझाव

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यात्रियों की सुविधा के दृष्टिगत यात्री विकास एवं सुझाव मंच, नागदा की रेलवे प्रशासन से विनम्र अपील जीवनलाल जैन  नागदा :- लंबी दूरी की रेल यात्रा में किफायती और सुविधाजनक यातायात साधनों का विशेष महत्व है। इसी दृष्टिकोण से यात्री विकास एवं सुझाव मंच, नागदा ने मुंबई सेंट्रल से फिरोजपुर छावनी के बीच संचालित रही फिरोजपुर जनता एक्सप्रेस के पुनः संचालन की संभावनाओं पर विचार करने का सुझाव दिया है। यह रेल सेवा पूर्व में विभिन्न क्षेत्रों के यात्रियों के लिए आवागमन का एक महत्वपूर्ण माध्यम रही है। इससे नौकरीपेशा लोगों, छोटे व्यापारियों, श्रमिकों, विद्यार्थियों तथा अन्य यात्रियों को लंबी दूरी की यात्रा में सुविधा मिलती थी। वर्तमान में इस रेल सेवा के पुनः संचालन को लेकर यात्रियों की आवश्यकताओं और संभावित उपयोगिता के दृष्टिगत विचार किया जाना जनहित में उपयोगी हो सकता है।   यात्रियों की सुविधा को लेकर रचनात्मक पहल यात्री विकास एवं सुझाव मंच का मानना है कि रेल सेवाओं से संबंधित निर्णय लेते समय यात्रियों की आवश्यकता, संभावित यात्री संख्या, परिचालन की व्यवहार्यता तथा उपलब्ध संसाधनों जैसे पहलुओं ...

यशोवर्मसूरीजी देंगे उपधान तप व 4-4 छ'रीपालित संघों के मुहूर्त

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अलग अलग गांवों से संघ शेत्रुंजय तीर्थ के लिए निकलेंगे बड़ौदा :- उसकी यात्रा हमारी भव-यात्रा को समाप्त कर दे, और जिसके कंकर-कंकर पर अनंता सिद्ध हुए हैं और होंगे। ऐसे शाश्वत तीर्थ शत्रुंजय महातीर्थ - पालीताणा जहाँ आसो सुद पूनम को 20 करोड़ आत्माएं मोक्ष को प्राप्त हुई हैं। उस तीर्थ में जैन श्रावक की ट्रेनिंग और नवकार मंत्र की अनुज्ञा रूप गृहस्थी की श्रेष्ठ आराधना श्री उपधान तप की साधना शुरू होगी। और 4-4 छ'रीपालित संघ जिसमें सिर्फ पैदल ही जाना है ऐसा नहीं, बल्कि एकासणा - भूमि संथारा - ब्रह्मचर्य - सचित्त त्याग - उबाला हुआ पानी भी सूर्योदय के एक घंटे बाद और सूर्यास्त से पहले ही पी सकते हैं। सारी सुविधाएं छोड़ कर साधु जैसा जीवन जी कर तीर्थ की यात्रा पर जाना, ऐसे चार-चार संघों के मुहूर्त मांजलपुर - लालबाग संघ के विशाल उपाश्रय में विशाल जनसमूह के सामने पूज्य गच्छाधिपतिश्री तारीख 27 अक्टूबर 2026, मंगलवार, आसो वद 2 के मंगल मुहूर्त पर संघ प्रयाण के मुहूर्त देंगे। उमड़ा हुआ मानव समुदाय हर्ष और उल्लास के साथ उसका स्वागत करेगा। और जिसमें भव्यता के साथ होने वाले उपधान तप के फॉर्म चारों संघों में...

पालीताणा में भव्य उपधान व दीक्षा महोत्सव का आयोजन

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रश्मिरत्न सूरीश्वरजी करेंगे निश्रा प्रदान, अंबावत परिवार का आयोजन पालीताणा :- परम पूज्य आचार्य श्री रश्मिरत्न सूरीश्वरजी महाराज साहेबजी आदि ठाणा की परम पावन एवं कृपामयी निश्रा में, श्री शत्रुंजय महातीर्थ की पावन धरा पर "दिव्य उपधान तप महामहोत्सव" एवं सामूहिक दीक्षा महोत्सव का आयोजन होने जा रहा है। राजकुमार अंबावत से मिली जानकारी के अनुसार साहेबजी का भव्य मंगल प्रवेश शुक्रवार, 12 दिसंबर 2026,उपधान तप का दिव्य शुभारंभ शनिवार, 13 दिसंबर 2026,४ दीक्षार्थीयों का दीक्षा महोत्सव, 25, 26 एवं 27 जनवरी 2027 (वैराग्य पथ पर महाप्रस्थान),28 जनवरी को महिला सांझी,29 जनवरी 2027 को सुबह रथयात्रा,दोपहर तपस्वियों के चढ़ावे और बहुमान व 30 जनवरी 2027 - उपधान की *मोक्षमाला होगी।सभी कार्यक्रम श्री सांचोरी भवन, तलेटी रोड, पालीताणा महातीर्थ पर संपन्न होंगे। अम्बावत परिवार ने हृदय के अंतःकरण से, दोनों हाथ जोड़कर आप सभी धर्मप्रेमी बंधुओं को सपरिवार एवं इष्ट-मित्रों सहित इस अलौकिक और अविस्मरणीय धर्मोत्सव में पधारने हेतु अति भावभरा आमंत्रण दिया हैं। परिवार ने  विनंती की हैं आपकी पावन उपस्थिति से आराध...

धनतेरस को बनाएँ धन्यतेरस!

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गच्छाधिपति कुलचंद्र सूरीश्वरजी की निश्रा में भव्य महालक्ष्मी पूजन का आयोजन अहमदाबाद :- धनतेरस के पावन पर्व पर सुख, समृद्धि और सौभाग्य का दिव्य आह्वान के साथ तपगच्छाधिपति, आचार्य श्री विजय प्रेमसुरीश्वरजी म.सा.के आजीवन चरणोपासक, कार्यकुशल, परम पूज्य श्री विजय कुलचंद्र सुरीश्वरजी (KC) म.सा. के सानिध्य में श्री पार्श्व-प्रेम 24 जिनेश्वर धाम, राचरडा की पावन धरा पर सामूहिक श्री महालक्ष्मी देवी महापूजन का भव्य आयोजन 6 नवंबर सुबह 8.30 बजे से होने जा रहा है। महापूजन के बारे मे पन्यास प्रवर कुलदर्शन (kD) म.सा.ने बताया कि यह पूजन अनेक मंगलकामनाएं व आराधना व सुख समृद्धि की भावना के साथ होने जा रहा हैं। सुख, शांति और समृद्धि की मंगल भावना के साथ इस सामूहिक श्री महालक्ष्मी देवी महापूजन में अवश्य जुड़िये।ज्ञात हो केडी म.सा.का अद्भुत मंत्रोच्चार आपको मंत्र मुग्ध कर देगा।समस्त आयोजन के मुख्य लाभार्थी मातुश्री कुसुमबेन हीरालाल शाह परिवार व आयोजक श्री मंगल कल्याण चेरिटेबल ट्रस्ट हैं।अधिक जानकारी के लिए केतन शाह 9824621811 अथवा मंथन शाह से 8517664108 पर संपर्क करें।

मानवता में सामंजस्य पर चित्रकला प्रतियोगिता

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50 से ज्यादा बालिकाओं ने लिया भाग उज्जैन :- मानव अधिकार सहकार ट्रस्ट (IHRCT) द्वारा सिटी किंडर गार्टन स्कूल, इंदिरा नगर, उज्जैन में “मानवता में सामंजस्य” विषय पर चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता का उद्देश्य बच्चों में मानवीय मूल्यों, आपसी सद्भाव, सामाजिक समरसता और मानवता के प्रति संवेदनशीलता की भावना विकसित करना था। कार्यक्रम में ट्रस्ट के मध्यप्रदेश प्रदेश अध्यक्ष एवं सेवानिवृत्त नगर पुलिस अधीक्षक सुभाष चंद्र दुबे मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। स्कूल की डायरेक्टर डॉ. अनीता तोमर तथा संजीव गडकरी की आतिथ्य उपस्थिति में कार्यक्रम संपन्न हुआ। इस अवसर पर उज्जैन संभागीय महिला अध्यक्ष सुरेखा दुबे एवं संभागीय संयोजक मुस्ताक पटेल की विशेष सहभागिता रही। प्रतियोगिता में स्कूल की 50 से ज्यादा बालिकाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। छात्राओं ने अपनी कलात्मक प्रतिभा के माध्यम से मानवता, सद्भाव और सामाजिक एकता का संदेश प्रस्तुत किया। प्रतियोगिता के निर्णायक मंडल में  मंजुल सिंह, कर्नल राजकुमार सिंह,  सुरेखा दुबे एवं  मेघा माथुर शामिल रहे। निर्णायकों द्वारा प्रस्तुत चि...

विशेष अभियान 6.0 के अंतर्गत 93 स्टेशनों पर व्यापक स्तर पर ‘रेल जन संवाद’ का आयोजन

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महाप्रबंधक ने यात्रियों से साधा संवाद मुंबई :-  पश्चिम रेलवे के मुंबई मंडल द्वारा 22 अक्टूबर , 2026 को विशेष अभियान 6.0 के अंतर्गत 93 रेलवे स्टेशनों पर व्यापक स्तर पर यात्री संवाद कार्यक्रम ‘ रेल जन संवाद ’ का आयोजन किया गया। इस पहल का उद्देश्य नागरिकों की भागीदारी को मजबूत करना , यात्री सुविधाओं को बेहतर बनाना तथा पूरे रेलवे नेटवर्क में निरंतर स्वच्छता को बढ़ावा देना था। इस अभियान के दौरान 1,000 से अधिक यात्रियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया और वरिष्ठ रेल अधिकारियों के साथ अपना प्रत्यक्ष फीडबैक , बहुमूल्य सुझाव एवं शिकायतें साझा कीं। पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी विनीत अभिषेक द्वारा जारी एक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार , इस कार्यक्रम में मंडल भर में वरिष्ठ अधिकारियों की सक्रिय भागीदारी और जमीनी स्तर पर व्यापक जनसंपर्क देखने को मिला। पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक रामाश्रय पाण्‍डेय ने मुंबई सेंट्रल स्टेशन पर यात्रियों से व्यक्तिगत रूप से संवाद किया , उनकी समस्याओं को सुना और स्टेशन पर उपलब्ध सुविधाओं का जायजा लिया। यात्रियों को संबोधित करते हुए महाप्रबंधक ने आश्वासन दिया कि जिन मामल...

संबोधि मेडिटेशन कैंप 22 जनवरी से

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 शिविर में पॉजिटिव, पावरफुल और पीसफुल लाइफ जीने के लिए सिखाए जाएंगे अदभुत प्रयोग जोधपुर। आत्मज्ञानी, संबोधि साधना के प्रणेता, राष्ट्र-संत श्री चन्द्रप्रभजी महाराज और राष्ट्र-संत श्री ललितप्रभजी महाराज के सान्निध्य में 22 से 26 जनवरी 2027 तक संबोधि मेडिटेशन कैंप का विशेष आयोजन जोधपुर राजस्थान के कायलाना रोड स्थित तपोभूमि तीर्थ स्थली संबोधि धाम में किया जाएगा जिसमें साधकों को 5 दिन तक लगातार आरोग्य लाभ, अंतर मन की शांति और अतींद्रिय शक्ति जागरण के लिए विशेष प्रयोग करवाए जाएंगे एवं लाइफ को पॉजिटिव, पावरफुल और पीसफुल जीने के लिए दिव्य मार्गदर्शन दिया जाएगा। शिविर प्रभारी डॉ. मुनि श्री शांतिप्रिय सागरजी महाराज ने बताया कि संबोधि धाम में आयोजित हो रहे 5 दिवसीय आवासीय शिविर के अंतर्गत देशभर से भाई बहन जोधपुर पहुंचेंगे। शिविर में प्रतिदिन प्रातः 6 से 8 बजे तक स्वास्थ्य एवं साधना सत्र, प्रातः 10 से 12.15 बजे तक मार्गदर्शन एवं रिलैक्सेशन सत्र, दोपहर 3 से 5 बजे तक ध्यान एवं जिज्ञासा समाधान सत्र और रात्रि 7 से 9 तक आनंद एवं अंतर्यात्रा सत्र होंगे। शिविर में करवाए जाने वाले प्रयोगों से शरीर क...

संयम पथ की और अग्रसर हुए दीक्षार्थी

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 दीक्षा पत्र लिखकर व स्वास्तिक अनुष्ठान करके संयम के मार्ग पर शुभ कदम  मुंबई :- राष्ट्रीय संत, परम गुरुदेव श्री नम्रमुनि महाराज साहब की उपस्थिति में, दशहरा के शुभ दिन, जैन धर्म के तीन मुमुक्षुओं के दीक्षा पर्व का शुभ आरंभ हुआ। इस पर्व में संसार से संयम की ओर, मोह से मुक्ति की ओर और आत्मा से परम आत्मा की ओर बढ़ने की पवित्र भावना को साकार करते हुए दीक्षा पत्र लेखन और स्वास्तिक अनुष्ठान किया गया। इस अवसर पर, मुमुक्षु यशवीबेन मेहता (23 वर्ष), मुमुक्षु जानवीबेन शाह (21 वर्ष) और मुमुक्षु तन्मयबेन राजपूत (26 वर्ष) ने वैराग्यमय जीवन के प्रति अपनी निष्ठा व्यक्त की और 24 तीर्थंकरों, अंतरिक्ष में निवास करने वाले गुरु भगवंत, साधु-साध्वीजी भगवंत और विशेष रूप से परम गुरुदेव को सादर आमंत्रित करते हुए सर्वोच्च शिष्यत्व प्राप्त करने के लिए उनका आशीर्वाद मांगा। तीनों मुमुक्षु की माताओं ने महासतीजी को सादर आमंत्रित किया।  गुरुदेव ने इस अवसर को न केवल तीनों दीक्षार्थियों के परिवारों और संपूर्ण संघ के लिए निमंत्रण समारोह माना, बल्कि त्याग, तपस्या, नम्रता और आत्म-कल्याण की महान यात्रा के प्...

आचार्य श्री शांति सागर जी छाणी के शताब्दी वर्ष का शुभारंभ 22 नवंबर को

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कोटा के विज्ञान नगर में होगा समारोह, आर्यिका श्री स्वस्ति भूषण माताजी ससंघ का मिलेगा सान्निध्य कोटा। प्रशममूर्ति आचार्य श्री शांति सागर जी छाणी के शताब्दी वर्ष का शुभारंभ समारोह 22 नवंबर, रविवार को कोटा के विज्ञान नगर में आयोजित होगा। भारत गौरव, स्वस्ति धाम प्रणेता आर्यिका श्री स्वस्ति भूषण माताजी ससंघ के सान्निध्य में होने वाले इस समारोह के माध्यम से आचार्य श्री के त्याग, तपस्या, साधना और धर्म प्रभावना से जुड़े आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लिया जाएगा। आचार्य श्री शांति सागर जी छाणी का जीवन जैन धर्म की आध्यात्मिक परंपरा, संयम और आत्मकल्याण की भावना का स्मरण कराता है। उनका शताब्दी वर्ष केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि संत परंपरा के आदर्शों को आत्मसात करने और भावी पीढ़ी को धर्म, संस्कार तथा नैतिक मूल्यों से जोड़ने का अवसर है। आचार्य श्री के आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाएंगे हसमुख गांधी आचार्य श्री शांति सागर जी शताब्दी वर्ष समारोह समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष हसमुख जैन गांधी ने बताया कि शताब्दी वर्ष का उद्देश्य आचार्य श्री के जीवन से जुड़ी प्रेरणाओं को समाज के बीच पहुंचाना और धार्मिक चेतना...

रसहीन स्वाद का नाम हैं आयंबिल

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ओलिजी का प्रारंभ  प्रस्तुति :- सीए राकेश रांका  फल नहीं, ड्रायफ्रूट नहीं, एक्स्ट्रा की तो छूट नहीं, इसका नाम आयंबिल। मावा-मिठाई का नाम नहीं, हरी सब्जी का काम नहीं, शरबत का कोई जाम नहीं, इसका नाम आयंबिल। मिर्च और हल्दी नहीं, राई-जीरा-धनिया नहीं, वेफर-मूंगफली नहीं, इसका नाम आयंबिल। दालचीनी या लौंग नहीं, इलायची या जायफल नहीं, नारियल का पानी नहीं, इसका नाम आयंबिल। दूध और घी नहीं, गुड़ और शक्कर नहीं, नाश्ता-अचार-कुछ नहीं, इसका नाम आयंबिल। तेल और छाछ नहीं, दही की कोई आस नहीं, पान-मावा-मुखवास नहीं, इसका नाम आयंबिल। सुआ या सौंफ नहीं, सुपारी-धनादल नहीं, जीरा गोली की झंझट नहीं, इसका नाम आयंबिल। छुंदो और मुरब्बा नहीं, अचार की कोई बात नहीं, तले हुए की कोई जात नहीं, इसका नाम आयंबिल। एक टाइम प्रेम से खा लो, पेट भर लो, रसना को दबा लो, इसका नाम आयंबिल। पेट को भाड़ा मिले, जीभ भले तड़पे, स्वाद की तो बला टले, इसका नाम आयंबिल। भोजन बहुत सात्विक है, विचार भी तात्विक हैं, यह बात पूरी तार्किक है, समझ गए यह है आयंबिल।

भारतीय चिकित्सकों को इलाज के लिए मॉरीशस बुलाया

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डॉ हितेश सिंघवी की जोखिमपूर्ण काम में महत्वपूर्ण भूमिका  ठाणे :- यह साझा करते हुए अत्यंत गर्व हो रहा है कि डॉ. हितेश सिंघावी और डॉ. कपिल खंडेवाल भारतीय चिकित्सा दल का हिस्सा थे, जिसे मॉरीशस सरकार ने गर्दन में गोली फंसे होने से संबंधित एक गंभीर चिकित्सकीय आपात स्थिति को संभालने के लिए बुलाया था।   हेड एंड नेक ऑन्कोसर्जन के विशेषज्ञ डॉ. हितेश ने इस उच्च-जोखिम वाले ऑपरेशन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, सफलतापूर्वक प्रक्रिया को पूरा किया और इस चुनौतीपूर्ण मामले को संभालने में टीम के प्रयासों में योगदान दिया।भारतीय चिकित्सा प्रतिनिधिमंडल का मॉरीशस के प्रधानमंत्री डॉ. नवीन रामगुलाम द्वारा टीम के प्रयासों की सराहना करते हुए व्यक्तिगत रूप से स्वागत किया गया। यह सचमुच बहुत खुशी और गर्व की बात हे कि भारतीय डॉक्टरों की विशेषज्ञता को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ऐसी जटिल आपात स्थितियों को संभालने के लिए बुलाया जा रहा है।डॉ. हितेश सहित चिकित्सा जगत के लिए और देश के लिए यह सचमुच गर्व का क्षण है!उन्हें अंतरराष्ट्रीय मंच पर ऐसे कई और मील के पत्थर और उपलब्धियों के लिए शुभकामनाएं!