वक़्त और शतरंज

वक़्त और शतरंज दोनों ही एक जैसे है,
वक़्त कभी रुकता नहीं, 
और शतरंज कभी रुकने देती नही
वक़्त कभी किसी का होता नहीं, 
और शतरंज किसी का होने देती नही। 
वक़्त कभी हंसता नहीं, 
और शतरंज कभी हसने देती नही। 
वक़्त कभी मिलता नहीं,
और शतरंज कभी मिलने देती नही। 
वक़्त की बिसात में कुछ समझता नहीं,
और शतरंज की बिसात कुछ समझने देती नही। 

सूरज नंदोला

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